Puja
Description
शादी विवाह में बहुत सारी रस्में होती हैं, और अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग रस्में होती है। उन्ही में से एक रस्म है द्विरागमन की। द्विरागमन का मतलब होता है विदाई करना यानी लड़की को उसके ससुराल विदा करना। बीते समय में द्विरागमन शादी के तुरंत बाद नहीं किया जाता था। लेकिन आजकल द्विरागमन की रस्म भी जल्दी कर दी जाती है। द्विरागमन के लिए भी शुभ मुहूर्त का होना बहुत जरुरी होता है। इसीलिए हम आपको नीचे द्विरागमन का शुभ मुहूर्त दे रहे हैं।
Additional information
| Number of Days | |
|---|---|
| Number of Pandits |
Puja
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शादी विवाह में बहुत सारी रस्में होती हैं, और अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग रस्में होती है। उन्ही में से एक रस्म है द्विरागमन की। द्विरागमन का मतलब होता है विदाई करना यानी लड़की को उसके ससुराल विदा करना। बीते समय में द्विरागमन शादी के तुरंत बाद नहीं किया जाता था। लेकिन आजकल द्विरागमन की रस्म भी जल्दी कर दी जाती है। द्विरागमन के लिए भी शुभ मुहूर्त का होना बहुत जरुरी होता है। इसीलिए हम आपको नीचे द्विरागमन का शुभ मुहूर्त दे रहे हैं।
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